मुंबई दि (प्रतिनिधि) मुंबई अंधेरी पूर्व, एमआईडीसी, डॉ. अंबेडकर चौक के पास, सेंट्रल रोड, एमटीएनएल कार्यालय क्षेत्र मे डॉ. बाबासाहेब अम्बेडकर की पूर्ण लंबाई वाली प्रतिमा स्थापित हो, अन्यथा गैर-अम्बेडकरी राजनीतिक नेताओं को इस वर्ष चौक मे अभिवादन करणे प्रतिबंध लगाने की चेतावणी विद्रोही पत्रकार पैंथर डॉ. राजन माकणीकर ने राज्य के मुख्यमंत्री एकनाथराव शिंदे को पत्र द्वारा दि है।
समाजभूषण डॉ. माकणिकर ने राज्य के मुख्यमंत्री एकनाथराव शिंदे को बयान दिया है कि डाॅ. अंबेडकर चौक पर आधुनिक भारत के जनक यानी विश्वरत्न डॉ. बाबासाहेब की 133वीं भीम जयंती मनाते समय इस 14 अप्रैल 2024 को बाबासाहेब अंबेडकर की एक पूर्ण लंबाई वाली मूर्ति स्थापित हो. हर साल की तरह इस रात अस्थायी रूप से अर्धकृती मूर्ती स्थापित कर अभिवादन किया जाता है. ऊस अर्धकृती मूर्ती को वही पर स्थापित करे जब तक की नई मूर्ती पूर्णकृती ना स्थापित हो!
साथ ही डॉ. माकणीकर ने मीडिया के माध्यम से स्थानीय राजनेताओं से कहा है कि सभी को एक साथ आकर एमटीएनएल परिसर में डॉ. आंबेडकर साहब की पूर्ण प्रतिमा स्थापित करने के लिए सरकार पर दबाव डालना चाहिए, 14 अपरेल 2024 तक कोई भी राजकारण करे बिना पूर्ण प्रतिमा स्थापित एक प्रशासनिक आदेश प्राप्त करना चाहिए.
युवा पँथर डॉ. माकणीकर ने मुख्यमंत्री शिंदे को चेतावनी दी है कि गैर-अंबेडकर राजनेता, जो केवल अंबेडकरी वोटों की राजकारण करता और हितैशी होणे का नाटक कर रहे हैं, उन्हें अंबेडकर चौक पर बधाई देने खडे नहीं करेंगे और आगामी चुनावों में वोट मांगने के लिए अंबेडकर अनुयायियों के दरवाजे पर भी नहीं खडे करेंगे। और यदि वे आते हैं, तो उन्हें ध्यान देना चाहिए कि राजनेता स्वस्थ वापस नहीं जायेंगे। इसके अलावा, यदि कानून और व्यवस्था में गड़बड़ी होती है, तो सरकार और प्रशासन जिम्मेदार होगा।